किम जोंग उन की बेटी को उत्तराधिकारी बनाने की तैयारी, दक्षिण कोरिया की एजेंसी का दावा, जानिए कौन है किम जू ऐ ?

उत्तर कोरिया की राजनीति को लेकर एक बड़ा दावा सामने आया है। दक्षिण कोरिया की खुफिया एजेंसी National Intelligence Service (NIS) ने कहा है कि उत्तर कोरिया के नेता किम जोंग उन ने अपनी 13 साल की बेटी किम जू ऐ को अपना संभावित उत्तराधिकारी चुना है। गुरुवार को सांसदों को दी गई जानकारी में एजेंसी ने यह आकलन साझा किया।

 

NIS का कहना है कि पिछले कुछ समय से किम जू ऐ की सार्वजनिक मौजूदगी लगातार बढ़ रही है। वह बड़े सरकारी और सैन्य कार्यक्रमों में अपने पिता के साथ नजर आ रही हैं। एजेंसी ने “कई परिस्थितियों” को ध्यान में रखते हुए यह निष्कर्ष निकाला है कि अब वह सिर्फ प्रशिक्षण के दौर में नहीं, बल्कि औपचारिक तौर पर उत्तराधिकारी के रूप में आगे बढ़ाई जा रही हैं।

 

सार्वजनिक कार्यक्रमों में बढ़ती मौजूदगी

पिछले तीन सालों में किम जू ऐ लगभग हर बड़े कार्यक्रम में अपने पिता के साथ दिखाई दी हैं। जापान के मीडिया समूह Nikkei Asia की नवंबर 2025 की रिपोर्ट के अनुसार, वह इस अवधि में करीब 600 दिनों तक सार्वजनिक तौर पर नजर आईं। इनमें सैन्य परेड, नए साल के कार्यक्रम, पार्टी बैठकों, विकास परियोजनाओं के उद्घाटन और विदेशी प्रतिनिधियों से मुलाकात जैसे आयोजन शामिल हैं।

 

सितंबर 2025 में वह अपने पिता के साथ चीन के दौरे पर भी गईं। यह उनका पहला विदेशी दौरा माना गया। बीजिंग रेलवे स्टेशन पर उन्हें किम जोंग उन के साथ प्रमुख स्थान पर खड़ा देखा गया। दक्षिण कोरिया की एजेंसी का मानना है कि विदेश दौरे में उन्हें साथ ले जाना उत्तराधिकार की दिशा में एक संकेत हो सकता है।

Kim Jong Un daughter is being prepared to be his successor

पार्टी सम्मेलन पर सबकी नजर

NIS ने कहा है कि वह इस महीने होने वाले वर्कर्स पार्टी सम्मेलन पर नजर रखेगी। यह सम्मेलन हर पांच साल में होता है और देश की अगली प्राथमिकताओं पर चर्चा की जाती है। माना जा रहा है कि इसमें विदेश नीति, सैन्य तैयारी और परमाणु कार्यक्रम जैसे मुद्दों पर दिशा तय की जाएगी।

 

दक्षिण कोरिया के सांसद ली सोंग-क्वेन ने कहा कि पहले एजेंसी किम जू ऐ को “उत्तराधिकारी बनने की ट्रेनिंग ले रही” बताती थी, लेकिन अब उसे लगता है कि वह “औपचारिक घोषणा” के करीब हैं। उन्होंने यह भी बताया कि सेना के अधिकारी कई बार उनके सामने झुकते हुए देखे गए हैं।

 

पहली बार कब आईं सामने

किम जू ऐ पहली बार 2022 में सार्वजनिक रूप से सामने आई थीं। उस समय उन्होंने अपने पिता के साथ एक अंतरमहाद्वीपीय बैलिस्टिक मिसाइल (ICBM) परीक्षण देखा था। इसके बाद 2023 में भी वह कई सैन्य कार्यक्रमों में शामिल हुईं।

 

उनकी शिक्षा घर पर ही होती है। मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, उन्हें घुड़सवारी, तैराकी और स्कीइंग का प्रशिक्षण दिया जा रहा है। पहले जब वह नौ साल की थीं, तो ढीले कपड़ों में एक सामान्य बच्ची की तरह नजर आती थीं। अब उन्हें औपचारिक कपड़ों में देखा जाता है। विशेषज्ञों का कहना है कि उनका पहनावा और हेयर स्टाइल उनकी मां री सोल जू जैसा दिखने लगा है।

 

मीडिया में बढ़ती कवरेज

उत्तर कोरिया के सरकारी टीवी चैनल KCTV पर 2024 से उनकी मौजूदगी काफी बढ़ गई है। कई बार किम जोंग उन के वीडियो में वह साथ दिखाई देती हैं। पार्टी के अखबार Rodong Sinmun में भी उन्हें प्रमुखता दी जा रही है। रिपोर्ट के मुताबिक नवंबर 2022 से अक्टूबर 2025 के बीच हजारों पन्नों में उनका जिक्र किया गया।

 

विशेषज्ञों का कहना है कि इस तरह की कवरेज आम तौर पर भविष्य के नेता के लिए माहौल बनाने के लिए की जाती है।

 

विदेश नीति और सैन्य कार्यक्रमों में भूमिका

NIS का दावा है कि किम जू ऐ कई सैन्य कार्यक्रमों में साइट का निरीक्षण करती हैं और कुछ नीतिगत चर्चाओं में भी मौजूद रहती हैं। हालांकि उन्हें अभी सैन्य सलामी देते नहीं देखा गया है, क्योंकि उनकी औपचारिक सैन्य ट्रेनिंग शुरू नहीं हुई है।

 

1 जनवरी को उन्होंने अपने माता-पिता के साथ प्योंगयांग स्थित कुमसुसान पैलेस ऑफ द सन का दौरा किया। यहां किम परिवार के पूर्व नेताओं के संरक्षित शव रखे हैं। विशेषज्ञ इसे उत्तराधिकार से जुड़ा प्रतीकात्मक कदम मानते हैं।

 

उत्तर कोरिया में महिला नेतृत्व का सवाल

उत्तर कोरिया में अब तक कोई महिला सर्वोच्च नेता नहीं रही है। 1948 में देश बनने के बाद से सत्ता किम परिवार के पुरुष सदस्यों के हाथ में रही है—किम इल सुंग, किम जोंग इल और किम जोंग उन।

 

हालांकि महिलाओं ने अहम भूमिकाएं निभाई हैं। किम जोंग उन की बहन किम यो जोंग पार्टी में प्रभावशाली पदों पर हैं। फिर भी देश का समाज पारंपरिक सोच वाला माना जाता है। कुछ विशेषज्ञों का मानना है कि एक महिला को सर्वोच्च नेता के रूप में स्वीकार करना वहां के लिए बड़ा बदलाव होगा।

 

उत्तराधिकारी को मिलने वाली शक्तियां

अगर किम जू ऐ भविष्य में सर्वोच्च नेता बनती हैं, तो उन्हें वही अधिकार मिलेंगे जो अभी किम जोंग उन के पास हैं। वर्कर्स पार्टी ऑफ कोरिया के महासचिव के रूप में असली सत्ता उनके हाथ में होगी। वह पोलित ब्यूरो, सचिवालय और केंद्रीय सैन्य आयोग को नियंत्रित करेंगी।

 

साथ ही वह स्टेट अफेयर्स कमीशन की प्रमुख होंगी, जो देश की सबसे ऊंची निर्णय लेने वाली संस्था है। संसद के फैसलों से ऊपर उनके आदेश माने जाएंगे। सेना की सर्वोच्च कमान और परमाणु हथियारों पर अंतिम नियंत्रण भी उनके पास होगा। वर्तमान में उत्तर कोरिया सैन्य ताकत के मामले में दुनिया में 31वें स्थान पर माना जाता है।

 

जल्दी तैयारी क्यों?

किम जोंग उन के स्वास्थ्य को लेकर समय-समय पर खबरें आती रही हैं। मोटापा, धूम्रपान और तनाव से जुड़ी बीमारियों का जिक्र किया जाता है। उनके पिता और दादा की मौत भी हृदय रोग से हुई थी। 2020 में उनके दिल की सर्जरी की खबरें भी आई थीं, हालांकि आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई।

 

कुछ विश्लेषकों का मानना है कि किम अपने जीवनकाल में ही उत्तराधिकार की स्थिति साफ करना चाहते हैं ताकि अंदरूनी सत्ता संघर्ष न हो। 2017 में उनके सौतेले भाई की हत्या हो चुकी है और उनकी बहन भी राजनीतिक रूप से मजबूत मानी जाती हैं।

 

परिवार को गुप्त रखने की परंपरा

किम जोंग उन अपने परिवार को लेकर हमेशा गोपनीय रहे हैं। उनकी पत्नी री सोल जू भी शादी के बाद लंबे समय तक सार्वजनिक रूप से नजर नहीं आई थीं। 2012 में वह पहली बार सामने आईं। मीडिया के मुताबिक उनकी शादी 2009 में हुई थी।

 

ब्रिटिश अखबार The Guardian ने 2013 में पूर्व अमेरिकी बास्केटबॉल खिलाड़ी डेनिस रोडमैन के हवाले से बताया था कि किम की एक बेटी है, जिसका नाम किम जू ऐ है। रोडमैन ने कहा था कि किम एक अच्छे पिता हैं।

 

मीडिया रिपोर्टों के अनुसार किम जोंग उन के तीन बच्चे हैं, लेकिन सार्वजनिक तौर पर सबसे ज्यादा चर्चा किम जू ऐ की ही होती है।

 

आगे क्या?

दक्षिण कोरिया की एजेंसी का आकलन है कि किम जू ऐ अब उत्तराधिकारी के रूप में स्थापित की जा रही हैं। हालांकि औपचारिक घोषणा कब होगी, यह स्पष्ट नहीं है। कुछ विशेषज्ञ मानते हैं कि पार्टी नियमों के अनुसार 18 साल से कम उम्र का व्यक्ति आधिकारिक पद नहीं संभाल सकता। इसलिए संभव है कि अभी प्रतीकात्मक तैयारी चल रही हो।

 

फिर भी यह साफ है कि किम जू ऐ की सार्वजनिक भूमिका लगातार बढ़ रही है। अगर भविष्य में वह सत्ता संभालती हैं, तो यह उत्तर कोरिया के इतिहास में एक बड़ा बदलाव होगा, क्योंकि पहली बार कोई महिला किम परिवार से सर्वोच्च पद पर पहुंचेगी।