Jharkhand Government Exam: 3 लाख से ज्यादा आवेदन, लेकिन 75% उम्मीदवार परीक्षा देने ही नहीं पहुंचे! आखिर क्यों हुई इतनी बड़ी चूक?

Jharkhand Government Exam

झारखंड में आयोजित Jharkhand Government Exam को लेकर बड़ा विवाद खड़ा हो गया है। झारखंड कर्मचारी चयन आयोग (JSSC) द्वारा आयोजित फील्ड वर्कर भर्ती परीक्षा में करीब 75% उम्मीदवार शामिल ही नहीं हो सके। 3,22,867 पंजीकृत अभ्यर्थियों में से केवल 86,444 उम्मीदवारों ने परीक्षा दी। परीक्षा केंद्रों की लंबी दूरी, देर से मिले ईमेल और खराब मौसम को इस अभूतपूर्व अनुपस्थिति की प्रमुख वजह बताया जा रहा है।यह भर्ती प्रक्रिया वर्ष 2024 में शुरू हुई थी और लगभग दो साल बाद 19 जुलाई 2026 को परीक्षा आयोजित की गई। ऐसे में अभ्यर्थियों में भारी नाराजगी देखने को मिल रही है।

आखिर कितने उम्मीदवार परीक्षा में शामिल हुए?

मुंबई में CJP Protest Mumbai के दौरान कई छात्र पहले से दर्ज एफआईआर और पुलिस नोटिस का सामना कर रहे थे। बुधवार को प्रस्तावित विरोध प्रदर्शन से पहले कुछ छात्रों को पुलिस अधिकारियों ने फोन कर घर पर रहने की सलाह दी।सोशल मीडिया पर वायरल हुए एक कथित व्हाट्सएप चैट के स्क्रीनशॉट में एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने एक छात्रा से कहा कि वह घर पर रहे और अपनी लाइव लोकेशन चालू रखे, ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि वह विरोध प्रदर्शन में शामिल नहीं हो रही है।हालांकि, संबंधित पुलिस अधिकारी ने इस मामले पर सार्वजनिक टिप्पणी करने से इनकार कर दिया है।

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Jharkhand Government Exam में 75% उम्मीदवार क्यों नहीं पहुंचे?

अभ्यर्थियों ने परीक्षा प्रक्रिया में कई गंभीर समस्याओं की शिकायत की है। इनमें प्रमुख कारण निम्नलिखित हैं:

  1. Admit Card Email देर से मिलने का आरोप

कई उम्मीदवारों का दावा है कि उन्हें परीक्षा के एडमिट कार्ड से संबंधित ईमेल परीक्षा शुरू होने के बाद प्राप्त हुए। कुछ अभ्यर्थियों के अनुसार उन्हें दोपहर 2:59 बजे ईमेल मिला, जबकि परीक्षा पहले ही शुरू हो चुकी थी।

  1. परीक्षा केंद्र बहुत दूर आवंटित किए गए

अनेक उम्मीदवारों को उनके गृह जिलों से 300 से 550 किलोमीटर दूर परीक्षा केंद्र दिए गए। कम समय में इतनी लंबी दूरी तय करना कई छात्रों के लिए संभव नहीं था।

  1. यात्रा और आर्थिक समस्याएं

कई उम्मीदवार आर्थिक रूप से कमजोर पृष्ठभूमि से आते हैं। अचानक यात्रा, रहने और अन्य खर्चों का इंतजाम करना उनके लिए मुश्किल साबित हुआ।

  1. मानसून और परिवहन संबंधी समस्याएं

भारी बारिश के कारण ट्रेनों में देरी, सड़कों पर जलभराव और ग्रामीण क्षेत्रों में परिवहन व्यवस्था प्रभावित होने की भी शिकायतें सामने आई हैं।

भर्ती आयोग ने क्या कहा?

झारखंड कर्मचारी चयन आयोग (JSSC) ने इन आरोपों पर अपनी प्रतिक्रिया दी है। आयोग के सचिव सुधीर गुप्ता के अनुसार:

  • परीक्षा से संबंधित सभी जानकारी समय पर आधिकारिक वेबसाइट पर उपलब्ध करा दी गई थी।
  • सिटी इंटिमेशन स्लिप और एडमिट कार्ड निर्धारित समय पर अपलोड किए गए थे।
  • उम्मीदवारों की यह जिम्मेदारी थी कि वे आयोग की वेबसाइट पर नियमित रूप से अपडेट देखते रहें।

आयोग का कहना है कि परीक्षा प्रक्रिया निर्धारित दिशानिर्देशों के अनुसार आयोजित की गई है।

 

दो साल इंतजार के बाद बढ़ा छात्रों का गुस्सा

यह भर्ती प्रक्रिया वर्ष 2024 में अधिसूचित की गई थी। लगभग दो वर्षों तक परीक्षा का इंतजार करने के बाद बड़ी संख्या में उम्मीदवार परीक्षा में शामिल नहीं हो पाए। कई अभ्यर्थियों का कहना है कि:

  • भर्ती प्रक्रिया पहले ही काफी देर से आयोजित हुई।
  • परीक्षा केंद्र आवंटन उचित नहीं था।
  • समय पर सूचना न मिलने से लाखों छात्रों की मेहनत प्रभावित हुई।

इस कारण सोशल मीडिया पर भी भर्ती प्रक्रिया को लेकर व्यापक असंतोष देखने को मिल रहा है।

 

क्या परीक्षा दोबारा आयोजित की जाएगी?

फिलहाल झारखंड कर्मचारी चयन आयोग ने परीक्षा दोबारा आयोजित करने को लेकर कोई आधिकारिक घोषणा नहीं की है। यदि भविष्य में आयोग या राज्य सरकार इस संबंध में कोई निर्णय लेती है, तो उसकी आधिकारिक जानकारी आयोग की वेबसाइट और सार्वजनिक सूचना के माध्यम से जारी की जाएगी।

 

निष्कर्ष

Jharkhand Government Exam में लगभग 75% उम्मीदवारों का अनुपस्थित रहना भर्ती प्रक्रियाओं में पारदर्शिता, समयबद्ध सूचना और परीक्षा प्रबंधन को लेकर गंभीर सवाल खड़े करता है। उम्मीदवारों ने देर से ईमेल, दूर स्थित परीक्षा केंद्रों और खराब मौसम जैसी समस्याओं का हवाला दिया है, जबकि आयोग का दावा है कि सभी जानकारी समय पर उपलब्ध कराई गई थी। अब सभी की नजर इस बात पर है कि आयोग इस विवाद को लेकर आगे क्या कदम उठाता है।

उम्मीदवारों ने देर से ईमेल मिलने, दूर स्थित परीक्षा केंद्रों, आर्थिक समस्याओं और खराब मौसम को प्रमुख कारण बताया है।

कई उम्मीदवारों का दावा है कि उन्हें एडमिट कार्ड से संबंधित ईमेल परीक्षा शुरू होने के बाद प्राप्त हुए थे।

अनेक उम्मीदवारों को उनके गृह जिलों से सैकड़ों किलोमीटर दूर परीक्षा केंद्र आवंटित किए गए थे।

अभी तक परीक्षा दोबारा आयोजित करने को लेकर कोई आधिकारिक घोषणा नहीं की गई है।

JSSC का कहना है कि सभी आवश्यक जानकारी समय पर आधिकारिक वेबसाइट पर उपलब्ध करा दी गई थी।

कुल 3,22,867 उम्मीदवारों में से केवल 86,444 उम्मीदवार परीक्षा में शामिल हुए थे।