Lord’s में जो हुआ, उसने इतिहास बदल दिया! यास्तिका भाटिया और क्रांति गौड़ ने इंग्लैंड को रौंदकर रच दिया नया रिकॉर्ड

Lord's Historic Win

Yastika Bhatia ने लॉर्ड्स के ऐतिहासिक मैदान पर ऐसा कारनामा कर दिखाया जिसे भारतीय महिला क्रिकेट लंबे समय तक याद रखेगा। यास्तिका के शानदार शतक और क्रांति गौड़ की घातक गेंदबाज़ी की बदौलत India Women’s Cricket Team ने England Women को 270 रन से हराकर इतिहास रच दिया। यह जीत सिर्फ एक मुकाबले की जीत नहीं थी, बल्कि भारतीय महिला क्रिकेट के बढ़ते दबदबे का सबसे बड़ा प्रमाण भी बन गई।

इतिहास क्यों बनी India Women's Lord's Test Win?

भारत ने लॉर्ड्स टेस्ट में इंग्लैंड को 270 रन से हराया, जो महिलाओं के टेस्ट क्रिकेट इतिहास की चौथी सबसे बड़ी जीत है। इससे पहले भारत ने 2023 में मुंबई में इंग्लैंड को 347 रन से हराया था, जो आज भी सबसे बड़ी जीत बनी हुई है।इस जीत के साथ भारत ने पुरुष टीम के बाद महिला क्रिकेट में भी लॉर्ड्स पर ऐतिहासिक सफलता दर्ज की। इससे पहले भारतीय पुरुष टीम ने 1986, 2014 और 2021 में लॉर्ड्स टेस्ट जीता था।भारत ने दोनों पारियों में कुल 626 रन बनाए, जो महिला टेस्ट क्रिकेट में भारत का दूसरा सबसे बड़ा मैच एग्रीगेट है।

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Yastika Bhatia ने लॉर्ड्स में ऐसा क्या किया जो पहले कभी नहीं हुआ?

Yastika Bhatia ने दूसरी पारी में शानदार 113 रन बनाकर इतिहास रच दिया।उनकी इस पारी के साथ कई रिकॉर्ड बने

  • भारत की पहली महिला बल्लेबाज़ बनीं जिन्होंने टेस्ट की तीसरी या चौथी पारी में शतक लगाया।
  • विकेटकीपर के रूप में टेस्ट शतक लगाने वाली भारत की केवल दूसरी खिलाड़ी बनीं।
  • लॉर्ड्स में टेस्ट शतक लगाने वाली दूसरी भारतीय लेफ्ट-हैंडर बनीं। उनसे पहले यह उपलब्धि सिर्फ सौरव गांगुली के नाम थी।
  • यास्तिका की यह पारी मैच का सबसे बड़ा टर्निंग पॉइंट साबित हुई।

Kranti Gaud ने इंग्लैंड की बल्लेबाज़ी तहस-नहस कर दी

Kranti Gaud ने दूसरी पारी में 5 विकेट देकर 37 रन लिए और मैच में कुल 7 विकेट अपने नाम किए।उनकी गेंदबाज़ी की बदौलत

  • भारतीय महिला टेस्ट इतिहास में वह केवल पांचवीं भारतीय तेज गेंदबाज़ बनीं जिन्होंने टेस्ट में पांच विकेट लिए।
  • मैच में उनके 7 विकेट भारत की महिला तेज गेंदबाज़ों द्वारा तीसरा सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन है।
  • उनके इस प्रदर्शन की बदौलत उनका नाम Lord’s Honours Board पर दर्ज हो गया।

किसी भी भारतीय खिलाड़ी के लिए लॉर्ड्स ऑनर्स बोर्ड पर नाम दर्ज होना क्रिकेट की सबसे बड़ी उपलब्धियों में गिना जाता है।

Smriti Mandhana के 300वें मैच में मिला यादगार तोहफा

  • यह मुकाबला Smriti Mandhana के अंतरराष्ट्रीय करियर का 300वां मैच था।
  • उन्होंने दोनों पारियों में 83 और 70 रन बनाए और कई रिकॉर्ड अपने नाम किए।
  • टेस्ट क्रिकेट में सातवीं बार 50+ स्कोर बनाया।
  • महिला अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में उनका यह 92वां 50+ स्कोर रहा।
  • वह 300 अंतरराष्ट्रीय मैच खेलने वाली सबसे युवा महिला क्रिकेटर भी बन गईं।

उनकी लगातार शानदार बल्लेबाज़ी ने भारत की बड़ी जीत की मजबूत नींव रखी।

 

England Women के लिए केवल Ecclestone और Amy Jones ने दिखाई लड़ाई

इंग्लैंड की ओर से Sophie Ecclestone ने दूसरी पारी में पांच विकेट लिए और बल्लेबाज़ी में भी अर्धशतक लगाया।वहीं विकेटकीपर Amy Jones ने दोनों पारियों में अर्धशतक लगाकर इतिहास रच दिया। वह महिला टेस्ट क्रिकेट की पहली नामित विकेटकीपर बनीं जिन्होंने एक ही टेस्ट की दोनों पारियों में 50+ स्कोर बनाया।लेकिन बाकी बल्लेबाज़ भारतीय गेंदबाज़ों के सामने पूरी तरह संघर्ष करते नजर आए।

 

भारत की इस जीत का क्या महत्व है?

  • यह जीत सिर्फ स्कोरबोर्ड पर दर्ज एक जीत नहीं है।
  • लॉर्ड्स जैसे ऐतिहासिक मैदान पर भारत की सबसे बड़ी उपलब्धियों में शामिल।
  • महिला टेस्ट क्रिकेट में भारत का दबदबा और मजबूत हुआ।
  • नई पीढ़ी की खिलाड़ियों ने साबित किया कि भारतीय महिला क्रिकेट अब दुनिया की सबसे मजबूत टीमों में शामिल है।

Yastika Bhatia और Kranti Gaud जैसी खिलाड़ियों ने भविष्य के लिए नए सितारे बनने का संकेत दे दिया है।

 

निष्कर्ष

Yastika Bhatia का शतक, Kranti Gaud की पांच विकेट की शानदार गेंदबाज़ी और Smriti Mandhana का यादगार 300वां मैच—इन तीनों ने मिलकर लॉर्ड्स में भारतीय महिला क्रिकेट का नया इतिहास लिखा। India Women’s Lord’s Test Win आने वाले वर्षों तक भारतीय क्रिकेट के सबसे सुनहरे पलों में गिनी जाएगी।

FAQs:

भारत ने इंग्लैंड को 270 रन से हराया, जो महिला टेस्ट इतिहास की चौथी सबसे बड़ी जीत है। साथ ही यह लॉर्ड्स में भारत की पहली महिला टेस्ट जीत भी है।

क्रांति गौड़ ने 5/37 का प्रदर्शन किया और लॉर्ड्स ऑनर्स बोर्ड पर अपना नाम दर्ज कराया। वह टेस्ट में पांच विकेट लेने वाली भारत की चुनिंदा महिला तेज गेंदबाज़ों में शामिल हो गईं।

यास्तिका भाटिया ने 113 रन बनाए और टेस्ट की तीसरी या चौथी पारी में शतक लगाने वाली पहली भारतीय महिला बल्लेबाज़ बनीं।

भारत ने इंग्लैंड को 270 रन से हराकर ऐतिहासिक जीत दर्ज की।

लॉर्ड्स क्रिकेट ग्राउंड पर शानदार व्यक्तिगत प्रदर्शन करने वाले खिलाड़ियों के नाम ऑनर्स बोर्ड पर दर्ज किए जाते हैं। यह क्रिकेट की सबसे प्रतिष्ठित उपलब्धियों में से एक माना जाता है।