Turkish President Gift: NATO नेताओं को मिला ऐसा तोहफा कि एयरपोर्ट सिक्योरिटी भी रह गई हैरान! आखिर एर्दोआन ने क्यों दी बंदूक?

Turkish President Gift

Turkish President Gift इस समय अंतरराष्ट्रीय राजनीति की सबसे चर्चित खबरों में से एक बन गया है। NATO शिखर सम्मेलन के बाद तुर्की के राष्ट्रपति Recep Tayyip Erdogan ने कई विश्व नेताओं को ऐसा उपहार दिया, जिसने सुरक्षा एजेंसियों और कूटनीतिक अधिकारियों को भी चौंका दिया।रिपोर्टों के अनुसार, एर्दोआन ने कई नेताओं को उनके नाम खुदी हुई मैग्नम रिवॉल्वर, छह जिंदा गोलियां और एक विशेष दस्तावेज़ उपहार में दिया। इसके बाद कई देशों के सुरक्षा अधिकारियों को इन हथियारों को कानूनी और सुरक्षित तरीके से ले जाने में मुश्किलों का सामना करना पड़ा।

NATO नेताओं को क्या मिला?

Turkish President NATO Summit Gift के तहत नेताओं को एक विशेष गिफ्ट बॉक्स दिया गया। इस बॉक्स में शामिल थे:

  • नाम खुदी हुई मैग्नम रिवॉल्वर
  • छह जिंदा कारतूस
  • निर्यात प्रक्रिया से संबंधित दस्तावेज

रिपोर्टों के अनुसार यह उपहार ब्रिटेन के प्रधानमंत्री कीयर स्टार्मर, जर्मनी के चांसलर, कनाडा के प्रधानमंत्री, स्वीडन, बेल्जियम, पोलैंड सहित कई देशों के नेताओं को दिया गया।

Image Source: afp

Turkish President Gift पर क्यों मचा विवाद?

  • सामान्य तौर पर अंतरराष्ट्रीय बैठकों में नेताओं के बीच स्मृति-चिह्न, कलाकृतियां या सांस्कृतिक वस्तुएं उपहार में दी जाती हैं।
  • लेकिन इस बार Diplomatic Gift के रूप में पूरी तरह कार्यशील रिवॉल्वर और जिंदा गोलियां मिलने से कई सुरक्षा एजेंसियां असहज हो गईं।
  • कुछ देशों में हथियार ले जाने के नियम बेहद सख्त हैं। 
  • कई नेताओं को हथियार तुर्की में ही छोड़ने पड़े।
  • कुछ देशों ने केवल रिवॉल्वर ली, गोलियां वहीं छोड़ दीं।
  • कुछ नेताओं ने उपहार सीधे सुरक्षा एजेंसियों को सौंप दिया।

किस देश ने क्या किया?

बेल्जियम

प्रधानमंत्री बार्ट डी वेवर ने बेल्जियम पहुंचते ही रिवॉल्वर एयरपोर्ट पुलिस को सौंप दी, ताकि उसे सुरक्षित रखा जा सके।

यूरोपीय आयोग

यूरोपीय आयोग की अध्यक्ष उर्सुला वॉन डेर लेयेन ने उपहार के लिए धन्यवाद दिया, लेकिन बताया गया कि रिवॉल्वर को निष्क्रिय (Decommission) करके सैन्य संग्रहालय को दान किया जाएगा।

कनाडा

प्रधानमंत्री मार्क कार्नी रिवॉल्वर अपने साथ ले गए, लेकिन गोलियां तुर्की में ही छोड़ दीं।

स्वीडन

स्वीडिश प्रधानमंत्री के कार्यालय ने कहा कि हथियार को सभी कानूनी प्रक्रियाओं का पालन करते हुए स्वीडन भेजा जाएगा।

पोलैंड

पोलैंड के राष्ट्रपति के सहयोगियों ने स्पष्ट किया कि हथियार का इस्तेमाल नहीं किया जाएगा। यह बयान 2022 की उस घटना के बाद आया जब यूक्रेन से उपहार में मिला एक ग्रेनेड लॉन्चर पोलैंड के पुलिस मुख्यालय में फट गया था।

आखिर एर्दोआन ने ऐसा उपहार क्यों दिया?

तुर्की सरकार ने इस उपहार के पीछे कोई आधिकारिक कारण सार्वजनिक नहीं किया है। हालांकि विशेषज्ञों का मानना है कि:

  • यह तुर्की के रक्षा उद्योग (Turkey Defence) की क्षमता दिखाने का प्रतीकात्मक प्रयास हो सकता है।
  • यह एक विशेष स्मृति-चिह्न के रूप में दिया गया हो।
  • तुर्की अपनी रक्षा तकनीक और हथियार निर्माण क्षमता को वैश्विक स्तर पर प्रदर्शित करना चाहता हो।

हालांकि इन संभावनाओं की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।

 

NATO Summit में किन मुद्दों पर हुई चर्चा?

इस NATO Meeting में कई अहम वैश्विक मुद्दों पर चर्चा हुई। मुख्य विषय थे:

  • यूक्रेन युद्ध
  • ईरान से बढ़ता तनाव
  • अमेरिका और यूरोप के सुरक्षा संबंध
  • NATO की भविष्य की रणनीति
  • वैश्विक रक्षा सहयोग

इन्हीं चर्चाओं के बीच यह असामान्य उपहार पूरी दुनिया में चर्चा का विषय बन गया।

 

कूटनीतिक नजरिए से कितना अलग है यह मामला?

विश्व नेताओं के बीच उपहारों का आदान-प्रदान कोई नई बात नहीं है।लेकिन कार्यशील हथियार और जिंदा गोलियों को Diplomatic Relations के दौरान उपहार के रूप में देना बेहद दुर्लभ माना जाता है।इसी वजह से यह घटना सामान्य कूटनीतिक परंपराओं से अलग मानी जा रही है।

 

निष्कर्ष

Turkish President Gift ने NATO Summit के बाद जितनी चर्चा सुरक्षा और कूटनीति में बटोरी, उतनी शायद किसी अन्य उपहार ने नहीं। हालांकि तुर्की की ओर से इस फैसले के पीछे आधिकारिक वजह नहीं बताई गई है, लेकिन नाम खुदी हुई रिवॉल्वर और जिंदा गोलियों वाला यह उपहार कई देशों की सुरक्षा एजेंसियों और प्रोटोकॉल अधिकारियों के लिए नई चुनौती बन गया। आने वाले दिनों में यह घटना अंतरराष्ट्रीय कूटनीति के सबसे असामान्य उपहारों में गिनी जा सकती है।

 

FAQs

Q1. नाटो शिखर सम्मेलन के बाद तुर्की के राष्ट्रपति ने नेताओं को क्या उपहार दिया?

राष्ट्रपति रेचेप तैयप एर्दोआन ने कई नेताओं को उनके नाम खुदी हुई मैग्नम रिवॉल्वर और छह जिंदा गोलियां उपहार में दीं।

 

Q2. इस उपहार को लेकर चर्चा क्यों हो रही है?

क्योंकि अंतरराष्ट्रीय कूटनीति में कार्यशील हथियार उपहार के रूप में देना बेहद असामान्य माना जाता है और इससे सुरक्षा संबंधी चुनौतियां भी पैदा हुईं।

 

Q3. नाटो नेताओं की इस पर क्या प्रतिक्रिया रही?

कुछ नेताओं ने हथियार सुरक्षा एजेंसियों को सौंप दिए, कुछ ने गोलियां तुर्की में छोड़ दीं, जबकि कुछ ने इसे संग्रहालय में रखने का फैसला किया।

 

Q4. तुर्की के राष्ट्रपति ने बंदूकें उपहार में क्यों दीं?

तुर्की सरकार ने इसकी आधिकारिक वजह नहीं बताई है। संभावित कारणों में रक्षा उद्योग का प्रतीकात्मक प्रदर्शन शामिल माना जा रहा है, लेकिन इसकी पुष्टि नहीं हुई है।

 

Q5. NATO शिखर सम्मेलन में किन प्रमुख मुद्दों पर चर्चा हुई?

यूक्रेन युद्ध, ईरान, अमेरिका के साथ संबंध, यूरोपीय सुरक्षा और NATO की रणनीति प्रमुख विषय रहे।

 

Q6. क्या यह उपहार तुर्की की रक्षा उद्योग से जुड़ा है?

आधिकारिक पुष्टि नहीं है, लेकिन कई विशेषज्ञ इसे तुर्की के रक्षा क्षेत्र की क्षमताओं के प्रतीक के रूप में देख रहे हैं।

 

Q7. क्या ऐसे उपहार पहले भी NATO बैठकों में दिए गए हैं?

विश्व नेताओं के बीच उपहारों का आदान-प्रदान आम बात है, लेकिन कार्यशील रिवॉल्वर और जिंदा गोलियां देना बेहद दुर्लभ माना जाता है।