Third Party App Stores: Google ने बदले Play Store के नियम: अब थर्ड-पार्टी App Store भी कर सकेंगे डाउनलोड, जानिए पूरा मामला 

Third Party App Stores

Third Party App Stores: Google ने अपने Android इकोसिस्टम में बड़ा बदलाव करने का फैसला किया है। अगले सप्ताह से अमेरिका में Google Play Store के भीतर ही थर्ड-पार्टी App Store उपलब्ध होंगे। यानी Android यूजर्स को अब दूसरे ऐप मार्केटप्लेस डाउनलोड करने के लिए अलग वेबसाइट पर नहीं जाना पड़ेगा। Google ने अमेरिकी अदालत में दाखिल दस्तावेज में पुष्टि की है कि वह Epic Games केस में अदालत के आदेश को अब चुनौती नहीं देगा और नए नियम लागू करेगा।

फिलहाल यह बदलाव केवल अमेरिका में लागू होगा। भारत समेत दूसरे देशों में इसे लागू करने की कोई आधिकारिक घोषणा नहीं हुई है।

Epic Games केस के बाद बदले Google के नियम

Google और Fortnite बनाने वाली Epic Games के बीच विवाद 2020 में शुरू हुआ था। Epic Games ने आरोप लगाया था कि Google Play Store Android ऐप वितरण पर एकाधिकार बनाए हुए है और डेवलपर्स को Google की भुगतान प्रणाली का उपयोग करने के लिए मजबूर करता है।

दिसंबर 2023 में अमेरिकी अदालत ने Epic Games के पक्ष में फैसला सुनाया। अदालत ने कहा कि Google को Android यूजर्स के लिए दूसरे ऐप स्टोर तक पहुंच आसान बनानी होगी। नवंबर 2025 में दोनों पक्षों के बीच समझौता भी हुआ, लेकिन Google अदालत के आदेश को चुनौती देता रहा। अब कंपनी ने अपनी चुनौती वापस लेने का फैसला किया है।

अदालत के आदेश के बाद बदला रुख

Google ने मार्च 2026 में अदालत के सामने एक वैकल्पिक योजना रखी थी। कंपनी चाहती थी कि थर्ड-पार्टी App Store सीधे Play Store में उपलब्ध न हों, बल्कि यूजर उन्हें किसी बाहरी वेबसाइट से डाउनलोड करें। Google का कहना था कि इससे ऐसा वैश्विक मॉडल तैयार होगा जिसे यूरोप समेत दूसरे देशों में भी लागू किया जा सके।

लेकिन अदालत की ओर से नियुक्त MIT की प्रोफेसर और अर्थशास्त्री नैन्सी रोज़ ने इस प्रस्ताव को पर्याप्त नहीं माना। उनका कहना था कि अधिकतर Android यूजर ऐप खोजने के लिए सीधे Play Store का इस्तेमाल करते हैं। यदि उन्हें किसी दूसरी वेबसाइट पर जाना पड़ेगा तो इससे नए ऐप स्टोर के लिए प्रतिस्पर्धा करना मुश्किल हो जाएगा। इसके बाद Google ने अपना प्रस्ताव वापस ले लिया।

Play Store के अंदर ही मिलेंगे दूसरे App Store

Google अब Play Catalog Access Programme शुरू करेगा। इसके तहत पात्र थर्ड-पार्टी App Store अपने प्लेटफॉर्म पर Google Play में उपलब्ध ऐप्स की सूची दिखा सकेंगे।

हालांकि यदि कोई यूजर किसी ऐप को इंस्टॉल करेगा तो उसका वास्तविक डाउनलोड Google Play Store के जरिए ही पूरा होगा। यानी सुरक्षा जांच, Play Protect और इंस्टॉलेशन प्रक्रिया पहले की तरह Google के नियंत्रण में रहेगी।

Google का कहना है कि इससे यूजर्स को अधिक विकल्प मिलेंगे, लेकिन सुरक्षा से समझौता नहीं होगा।

 

सिर्फ चुनिंदा कंपनियों को मिलेगी एंट्री

इस कार्यक्रम में हर ऐप स्टोर शामिल नहीं हो सकेगा। केवल वही Android App Store आवेदन कर पाएंगे जो अमेरिका में संचालित होते हों, किसी कंपनी या संगठन के रूप में पंजीकृत हों और वास्तविक ऐप मार्केटप्लेस चलाते हों।

Google ने यह भी अनिवार्य किया है कि हर ऐप के साथ उसका नाम, डेवलपर, विवरण, वर्जन, फाइल साइज, परमिशन, कानूनी जानकारी और डेवलपर का संपर्क विवरण दिखाना होगा। हर इंस्टॉलेशन से पहले यूजर की स्पष्ट अनुमति लेना भी जरूरी होगा।

 

Google ने तय किए सख्त नियम

Play Catalog Access Programme में शामिल होने वाले App Store केवल अमेरिका में उपलब्ध Google Play ऐप्स का ही वितरण कर सकेंगे। उन्हें यह स्पष्ट बताना होगा कि ऐप Google Play से डाउनलोड किया जा रहा है।

ऐप सूची को नियमित रूप से अपडेट करना होगा। Google के कैटलॉग में उपलब्ध ऐप डाउनलोड करने पर अतिरिक्त शुल्क नहीं लिया जा सकेगा। इसके अलावा Play Catalog के डेटा का गलत उपयोग या किसी तीसरे पक्ष के साथ साझा करना भी प्रतिबंधित रहेगा।

हर App Store को यूजर्स के लिए ग्राहक सहायता उपलब्ध करानी होगी और ऐप अपडेट की सुविधा भी देनी होगी।

 

हर साल देना होगा 5 हजार डॉलर शुल्क

Google ने इस कार्यक्रम के लिए 5,000 अमेरिकी डॉलर का वार्षिक शुल्क तय किया है। कंपनी के अनुसार यह शुल्क सुरक्षा जांच, नीति समीक्षा और ऑनबोर्डिंग प्रक्रिया की लागत को पूरा करने के लिए लिया जाएगा।

कार्यक्रम में शामिल होने के लिए App Store ऑपरेटर को Google की पात्रता शर्तें पूरी करनी होंगी, आवेदन जमा करना होगा, Play Catalog Access Programme Agreement स्वीकार करना होगा और Google की समीक्षा के बाद ही मंजूरी मिलेगी।

 

Play Store की सर्विस फीस रहेगी जारी

इस बदलाव के बावजूद Google की सर्विस फीस समाप्त नहीं होगी। कंपनी ने स्पष्ट किया है कि Play Store के जरिए डाउनलोड होने वाले ऐप्स पर वही नियम और शुल्क लागू रहेंगे जो अभी लागू हैं।

यानी यह बदलाव केवल App Store के वितरण मॉडल से जुड़ा है, Google के बिजनेस मॉडल में कोई बड़ा परिवर्तन नहीं किया गया है।

 

Android यूजर्स को मिलेगा बड़ा फायदा

इस फैसले के बाद Android यूजर्स के पास ऐप डाउनलोड करने के लिए पहले से अधिक विकल्प होंगे। छोटे और नए App Store भी Google Play के जरिए अपनी सेवाएं दे सकेंगे, जिससे ऐप बाजार में प्रतिस्पर्धा बढ़ेगी।

डेवलपर्स के लिए भी यह फायदेमंद माना जा रहा है क्योंकि उन्हें अपने ऐप्स तक अधिक यूजर्स पहुंचाने का नया माध्यम मिलेगा। वहीं Google की सुरक्षा व्यवस्था लागू रहने से यूजर्स को पहले जैसी सुरक्षा भी मिलती रहेगी।

 

फिलहाल सिर्फ अमेरिका में लागू होंगे नए नियम

Google ने अभी केवल अमेरिका में Play Catalog Access Programme लागू करने की पुष्टि की है। भारत, यूरोप और अन्य देशों के लिए कंपनी ने कोई आधिकारिक समयसीमा घोषित नहीं की है।

हालांकि विशेषज्ञों का मानना है कि यदि अन्य देशों में भी इसी तरह के प्रतिस्पर्धा संबंधी नियम लागू होते हैं तो भविष्य में Google वहां भी ऐसा मॉडल अपना सकता है।

 

ऐप मार्केट में बढ़ेगी प्रतिस्पर्धा

विशेषज्ञ इस फैसले को Android इकोसिस्टम के लिए बड़ा बदलाव मान रहे हैं। अब तक Google Play Store Android ऐप वितरण का सबसे बड़ा माध्यम था। पहली बार Google को अपने ही प्लेटफॉर्म के भीतर प्रतिस्पर्धी App Store के लिए जगह बनानी पड़ रही है।

इससे ऐप बाजार में प्रतिस्पर्धा बढ़ सकती है, डेवलपर्स को नए अवसर मिल सकते हैं और लंबे समय से चल रही Google की एंटीट्रस्ट जांचों पर भी इसका असर पड़ सकता है।

 

आगे दूसरे देशों पर रहेगी नजर

फिलहाल इस फैसले का लाभ केवल अमेरिका के यूजर्स को मिलेगा, लेकिन दुनिया भर के टेक उद्योग की नजर अब इस बात पर होगी कि Google भविष्य में दूसरे देशों में भी ऐसा मॉडल लागू करता है या नहीं। यदि ऐसा होता है तो Android ऐप वितरण व्यवस्था में आने वाले वर्षों में बड़े बदलाव देखने को मिल सकते हैं।

 

FAQ

1. Google Play Store में क्या बड़ा बदलाव होने जा रहा है?

Google अमेरिका में Play Store के भीतर थर्ड-पार्टी App Store को अनुमति देने जा रहा है। इससे यूजर्स Play Store के अंदर ही दूसरे ऐप मार्केटप्लेस तक पहुंच सकेंगे।

 

2. थर्ड-पार्टी ऐप स्टोर क्या होते हैं?

ये ऐसे ऐप मार्केटप्लेस होते हैं जो Google Play Store के अलावा Android ऐप्स उपलब्ध कराते हैं। उदाहरण के लिए Amazon Appstore और Samsung Galaxy Store।

 

3. Epic Games मुकदमे का इस फैसले से क्या संबंध है?

Epic Games ने Google पर Android ऐप वितरण में एकाधिकार का आरोप लगाया था। अदालत ने Epic Games के पक्ष में फैसला सुनाते हुए Google को प्रतिस्पर्धी App Store के लिए रास्ता खोलने का आदेश दिया था।

 

4. क्या भारत में भी यह सुविधा मिलेगी?

फिलहाल नहीं। Google ने अभी केवल अमेरिका में इस बदलाव की पुष्टि की है। भारत में इसे लागू करने की कोई आधिकारिक घोषणा नहीं हुई है।

 

5. इससे Android यूजर्स को क्या फायदा होगा?

यूजर्स को ऐप डाउनलोड करने के अधिक विकल्प मिलेंगे। नए App Store भी Play Store के जरिए अपनी सेवाएं दे सकेंगे, जिससे प्रतिस्पर्धा बढ़ेगी।

 

6. क्या इससे सुरक्षा संबंधी जोखिम बढ़ेंगे?

Google का कहना है कि सुरक्षा व्यवस्था पहले की तरह लागू रहेगी। ऐप डाउनलोड Google Play की सुरक्षा जांच के तहत ही होगा और सभी भाग लेने वाले App Store को Google की सुरक्षा और पात्रता शर्तों का पालन करना होगा।