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India UN Map Remarks पर Pakistan का फिर पलटवार! Jammu Kashmir को लेकर क्यों गरमाया मामला, समझिए पूरा विवाद

भारत के UN Map Resolution पर समर्थन के बाद Pakistan ने Jammu Kashmir को लेकर फिर सवाल उठाए। भारत ने स्पष्ट किया कि उसका वोट केवल equal-area map representation के सिद्धांत के लिए था और जम्मू-कश्मीर पर उसकी संप्रभुता की स्थिति में कोई बदलाव नहीं आया है।

India UN Map Remarks पर Pakistan का फिर पलटवार! Jammu Kashmir को लेकर क्यों गरमाया मामला, समझिए पूरा विवाद

India UN Map Remarks को लेकर भारत और पाकिस्तान के बीच नया राजनयिक विवाद खड़ा हो गया है। संयुक्त राष्ट्र में विश्व मानचित्र से जुड़ी एक resolution पर भारत के समर्थन और उसके बाद विदेश मंत्रालय की सफाई के अगले ही दिन पाकिस्तान ने जम्मू-कश्मीर को लेकर भारत के रुख पर सवाल उठाए। पाकिस्तान ने भारत के दावों को “baseless” बताते हुए जम्मू-कश्मीर को विवादित क्षेत्र बताया है।

UN Map Resolution पर भारत ने क्या कहा?

Image Credit - AFP
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भारत ने संयुक्त राष्ट्र की “Correct the Map” resolution के पक्ष में वोट किया था। विदेश मंत्रालय ने स्पष्ट किया कि भारत का समर्थन equal-area cartographic representation के सिद्धांत तक सीमित था। भारत ने कहा कि resolution किसी खास नक्शे, projection या राष्ट्रीय सीमाओं की किसी विशेष depiction का समर्थन नहीं करता और जम्मू-कश्मीर व लद्दाख पर उसकी संप्रभुता का रुख स्पष्ट और गैर-परक्राम्य है।

India UN Map Remarks पर Pakistan ने क्या कहा?

भारत की सफाई के एक दिन बाद पाकिस्तान के विदेश मंत्रालय ने जम्मू-कश्मीर को लेकर तीखी प्रतिक्रिया दी। पाकिस्तानी विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता सज्जाद हैदर खान ने भारत के जम्मू-कश्मीर संबंधी दावों को “baseless” बताया।पाकिस्तान ने कहा कि भारत की ओर से किए गए कथित एकतरफा कदम और “illegal occupation” जम्मू-कश्मीर की स्थिति को नहीं बदल सकते। उसने यह भी दावा किया कि जम्मू-कश्मीर का मुद्दा संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद के एजेंडे में लंबे समय से मौजूद विवाद है।पाकिस्तान ने अपने बयान में संयुक्त राष्ट्र के पुराने प्रस्तावों का हवाला देते हुए कहा कि क्षेत्र के अंतिम निपटारे को लेकर वहां के लोगों की इच्छा को महत्व दिया जाना चाहिए।हालांकि, यह पाकिस्तान का आधिकारिक दावा है। भारत जम्मू-कश्मीर और लद्दाख को अपना अभिन्न हिस्सा मानता है और अपनी संप्रभुता तथा क्षेत्रीय अखंडता पर अपना रुख स्पष्ट कर चुका है।

Jammu Kashmir UN Map विवाद शुरू कैसे हुआ?

विवाद की शुरुआत संयुक्त राष्ट्र महासभा में 4 सितंबर को अपनाई गई “Correct the Map: Rebalancing Global Cartographic Representation and Promoting Equitable Representation of the World's Regions, Particularly Africa” resolution से हुई।इस resolution का मूल उद्देश्य दुनिया के नक्शों में महाद्वीपों के आकार को अधिक सटीक तरीके से दिखाने के लिए equal-area map projections के इस्तेमाल को बढ़ावा देना था।भारत ने resolution के पक्ष में वोट किया। लेकिन इसके बाद यह सवाल उठने लगा कि क्या भारत का समर्थन किसी खास world map या उसमें दिखाई गई राजनीतिक सीमाओं को भी स्वीकार करने के तौर पर देखा जा सकता है।इसी को लेकर भारत के विदेश मंत्रालय ने अपनी स्थिति स्पष्ट की।

India UN Map Resolution पर भारत का Official Stand क्या है?

विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने कहा कि भारत ने resolution के underlying principle यानी equal-area cartographic representation को बढ़ावा देने के लिए वोट किया।उन्होंने साफ किया कि resolution किसी विशेष world map या projection को न तो अपनाता है और न ही प्रमाणित करता है।भारत के मुताबिक, resolution राजनीतिक cartography से जुड़े मुद्दों, जैसे अंतरराष्ट्रीय सीमाओं, disputed territories या place names को address नहीं करता।जायसवाल ने साथ ही कहा कि भारत की sovereignty और territorial integrity पर उसकी स्थिति स्पष्ट, लगातार कायम और non-negotiable है।यानी भारत का कहना है कि UN World Map Resolution को जम्मू-कश्मीर या लद्दाख पर उसकी संप्रभुता के रुख से जोड़ना सही नहीं है।

UN में “Correct the Map” Resolution को कितने देशों का समर्थन मिला?

संयुक्त राष्ट्र महासभा में पेश की गई इस resolution के पक्ष में 164 देशों ने वोट किया। छह देशों-एस्टोनिया, जॉर्जिया, लिथुआनिया, मोल्दोवा, सर्बिया और यूक्रेन ने मतदान से दूरी बनाई।वहीं अमेरिका ने इसके खिलाफ वोट किया।Resolution का मुख्य फोकस राजनीतिक सीमाओं के विवाद को तय करना नहीं, बल्कि विश्व के भौगोलिक क्षेत्रों को उनके वास्तविक सापेक्ष आकार के अधिक सटीक प्रतिनिधित्व के साथ दिखाने से जुड़ा था।

निष्कर्ष

India UN Map Remarks के बाद पाकिस्तान की प्रतिक्रिया ने एक बार फिर India Pakistan J&K Dispute को राजनयिक चर्चा के केंद्र में ला दिया है। भारत ने स्पष्ट किया है कि उसका UN resolution के पक्ष में वोट equal-area map representation के सिद्धांत के लिए था और इससे जम्मू-कश्मीर व लद्दाख पर उसकी संप्रभुता की स्थिति में कोई बदलाव नहीं आया है।

FAQ (Frequently Asked Questions):

India ने UN map resolution पर क्या remarks दिए?

भारत ने कहा कि उसका समर्थन equal-area cartographic representation के सिद्धांत के लिए था। Resolution किसी विशेष नक्शे या राष्ट्रीय सीमाओं की depiction को endorse नहीं करता।

Pakistan ने Jammu Kashmir को लेकर क्या बयान दिया?

पाकिस्तान ने भारत के जम्मू-कश्मीर संबंधी दावों को “baseless” बताया और क्षेत्र को विवादित बताते हुए अपने पुराने आधिकारिक रुख को दोहराया।

Correct the Map UN resolution क्या है?

इसका उद्देश्य equal-area map projections के इस्तेमाल को बढ़ावा देना है, ताकि दुनिया के विभिन्न महाद्वीपों और क्षेत्रों के आकार का अधिक सटीक प्रतिनिधित्व हो सके।

India ने UN map resolution का support क्यों किया?

भारत के अनुसार उसने resolution में दिए गए equal-area cartographic representation के सिद्धांत के समर्थन में वोट किया।

UN map controversy में India का official stand क्या है?

भारत ने कहा है कि उसकी sovereignty और territorial integrity पर स्थिति स्पष्ट और non-negotiable है तथा resolution का राजनीतिक सीमाओं या disputed territories पर कोई असर नहीं है।

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