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Budgam Encounter: Pahalgam Attack के आरोपी Hashim Moosa का अंत, Yousmarg में घंटों चली मुठभेड़

यूसमर्ग के कोराग इलाके में संयुक्त सुरक्षा अभियान के दौरान LeT से जुड़े बताए गए Hashim Moosa को मार गिराया गया। सेना के अनुसार उसके शव के साथ युद्ध जैसी सामग्री बरामद हुई और इलाके में तलाशी जारी रही।

Budgam Encounter: Pahalgam Attack के आरोपी Hashim Moosa का अंत, Yousmarg में घंटों चली मुठभेड़

Budgam Encounter में सुरक्षा बलों को बड़ी कामयाबी मिली है। जम्मू-कश्मीर के बडगाम जिले के यूसमर्ग के कोराग इलाके में हुई मुठभेड़ में पाकिस्तान स्थित लश्कर-ए-तैयबा (LeT) के आतंकी मोहम्मद आसिफ उर्फ Hashim Moosa को मार गिराया गया। सेना के अनुसार, उसके शव के साथ युद्ध जैसी सामग्री भी बरामद हुई है।

Yousmarg में कैसे शुरू हुआ Budgam Encounter?

ANI
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सुरक्षा बलों को यूसमर्ग के कोराग इलाके में आतंकियों की मौजूदगी को लेकर विशेष खुफिया जानकारी मिली थी। इसके बाद भारतीय सेना, जम्मू-कश्मीर पुलिस और CRPF ने संयुक्त सर्च ऑपरेशन शुरू किया।ऑपरेशन के दौरान जवानों को संदिग्ध गतिविधि नजर आई। सुरक्षा बलों ने संदिग्धों को चुनौती दी, जिसके बाद आतंकियों ने फायरिंग शुरू कर दी। जवाबी कार्रवाई के बाद मुठभेड़ शुरू हुई और एक आतंकी को मार गिराया गया।शुरुआत में मारे गए आतंकी की पहचान सार्वजनिक नहीं की गई थी। बाद में सेना की चिनार कॉर्प्स ने उसकी पहचान मोहम्मद आसिफ उर्फ Hashim Moosa के रूप में की। उसके शव के साथ युद्ध जैसी सामग्री भी बरामद की गई।

कौन था Hashim Moosa और Pahalgam हमले से क्या कनेक्शन?

Hashim Moosa को 2025 के पहलगाम आतंकी हमले की जांच में प्रमुख संदिग्धों में शामिल बताया गया था। उस हमले में 26 पर्यटकों की मौत हुई थी।जम्मू-कश्मीर पुलिस ने पहले पाकिस्तान के नागरिकों और LeT आतंकियों-आदिल हुसैन ठोकर, अली भाई और Hashim Moosa-के बारे में जानकारी देने पर ₹20 लाख के इनाम की घोषणा की थी।जांच एजेंसियों के मुताबिक, Moosa का संबंध पाकिस्तान स्थित LeT से था। वह सुरक्षा एजेंसियों की लंबे समय से तलाश में था।

Budgam Encounter में आगे भी जारी रही तलाशी

आतंकी के मारे जाने के बाद भी सुरक्षा बलों ने इलाके में तलाशी अभियान जारी रखा। इसका उद्देश्य आसपास किसी अन्य आतंकी की मौजूदगी की जांच करना और हथियार या अन्य सामग्री बरामद करना था।यूसमर्ग के जंगल और ऊंचाई वाले इलाके सुरक्षा अभियानों के लिहाज से चुनौतीपूर्ण माने जाते हैं। इससे पहले सितंबर में भी इसी क्षेत्र में सुरक्षा बलों और आतंकियों के बीच मुठभेड़ हुई थी, जिसमें एक LeT आतंकी मारा गया था।

Pahalgam केस की जांच में बड़ा घटनाक्रम

पहलगाम हमले की जांच में राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) ने पाकिस्तान स्थित LeT और उसके कथित सहयोगी नेटवर्क से जुड़े आरोपियों को लेकर चार्जशीट दाखिल की थी। Hashim Moosa की मौत ऐसे समय हुई है जब सुरक्षा एजेंसियां पहलगाम हमले से जुड़े नेटवर्क और आतंकियों की भूमिका की जांच कर रही हैं।हालांकि, किसी आरोपी की भूमिका से जुड़े आरोपों को अदालत में अंतिम रूप से सिद्ध होने तक आरोप के रूप में ही देखा जाता है।

निष्कर्ष

Budgam Encounter में Hashim Moosa के मारे जाने से सुरक्षा बलों के अभियान में एक महत्वपूर्ण घटनाक्रम सामने आया है।सेना के मुताबिक, मुठभेड़ के बाद उसके शव और युद्ध जैसी सामग्री की बरामदगी हुई।यूसमर्ग क्षेत्र में सुरक्षा बलों की तलाशी और निगरानी आगे भी जारी है।

FAQ (Frequently Asked Questions):

Budgam Encounter में किस आतंकी को मारा गया?

सुरक्षा बलों के अनुसार, मोहम्मद आसिफ उर्फ Hashim Moosa को मारा गया।

Hashim Moosa का किस आतंकी संगठन से संबंध था?

सुरक्षा एजेंसियों ने उसे पाकिस्तान स्थित Lashkar-e-Taiba से जुड़ा बताया है।

क्या Hashim Moosa का Pahalgam हमले से संबंध था?

उसे 2025 के पहलगाम आतंकी हमले की जांच में प्रमुख संदिग्धों में शामिल बताया गया था।

Yousmarg में ऑपरेशन किसने चलाया?

भारतीय सेना, जम्मू-कश्मीर पुलिस और CRPF ने संयुक्त अभियान चलाया।

क्या Budgam में सर्च ऑपरेशन खत्म हो गया है?

रिपोर्टों के अनुसार, मुठभेड़ के बाद आसपास के इलाकों में तलाशी अभियान जारी रखा गया।

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