Pakistan Global Hunger Index 2026 : पाकिस्तान में भुखमरी का संकट गहराया, ग्लोबल हंगर इंडेक्स में कितनी खराब है स्थिति?
ग्लोबल हंगर इंडेक्स 2026 में पाकिस्तान 25.5 स्कोर के साथ 106वें स्थान पर है। महंगाई, आर्थिक अस्थिरता और बाढ़ ने खाद्य संकट बढ़ाया है। दक्षिण एशिया में अफगानिस्तान की स्थिति और खराब है, जबकि क्षेत्र में कुपोषण गंभीर चुनौती बना हुआ है।
Pakistan Global Hunger Index 2026 : पाकिस्तान में आर्थिक अस्थिरता, खाने-पीने की चीजों की बढ़ती कीमतों और जलवायु से जुड़ी आपदाओं ने खाद्य सुरक्षा की चुनौती बढ़ा दी है। 2026 के ग्लोबल हंगर इंडेक्स (GHI) में पाकिस्तान का स्कोर 25.5 दर्ज किया गया है, जो भुखमरी के गंभीर स्तर को दिखाता है। रिपोर्ट के मुताबिक, दक्षिण एशिया में भूख कम करने की रफ्तार 2018 के बाद काफी धीमी हुई है। हालांकि, आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार इस क्षेत्र में अफगानिस्तान की स्थिति पाकिस्तान से भी खराब है।
महंगाई ने कमजोर की परिवारों की खाने की क्षमता
डॉन की रिपोर्ट के मुताबिक, पाकिस्तान में लगातार बढ़ती खाद्य महंगाई और आर्थिक मुश्किलों ने आम परिवारों की खरीदने की क्षमता को कमजोर किया है। कई परिवारों के लिए पर्याप्त और पौष्टिक भोजन जुटाना मुश्किल हो रहा है। रिपोर्ट में कहा गया है कि पाकिस्तान में कुपोषण से जुड़े संकेतकों में भी चिंता बढ़ी है। आबादी में कम कैलोरी वाला भोजन मिलने की समस्या 2018 के निचले स्तर से बढ़कर मध्यम स्तर पर पहुंच गई है, जबकि पांच साल से कम उम्र के बच्चों में वेस्टिंग यानी लंबाई के मुकाबले कम वजन की समस्या उच्च स्तर की सीमा के करीब पहुंच रही है।2026 की ग्लोबल हंगर इंडेक्स रिपोर्ट ‘नो सिक्योरिटी विदाउट फूड सिक्योरिटी’ थीम के तहत जारी की गई। इसे वेल्थहंगरहिल्फे, रुहर यूनिवर्सिटी बोखुम के इंस्टीट्यूट फॉर इंटरनेशनल लॉ ऑफ पीस एंड आर्म्ड कॉन्फ्लिक्ट और स्विस संस्था हेल्वेटास ने तैयार किया है। रिपोर्ट का मुख्य निष्कर्ष है कि युद्ध, आर्थिक संकट और मौसम से जुड़ी आपदाएं खाद्य सुरक्षा को लगातार प्रभावित कर रही हैं।
पाकिस्तान का स्कोर 25.5, अफगानिस्तान की स्थिति ज्यादा खराब
आधिकारिक ग्लोबल हंगर इंडेक्स के मुताबिक, पाकिस्तान 25.5 स्कोर के साथ 2026 में 123 देशों में 106वें स्थान पर है। भारत का स्कोर 24.1 और रैंक 100 है, जबकि अफगानिस्तान का स्कोर 28.6 है और वह 108वें स्थान पर है। इस लिहाज से पाकिस्तान की स्थिति गंभीर है, लेकिन दक्षिण एशिया में सबसे खराब नहीं। ग्लोबल हंगर इंडेक्स में स्कोर जितना अधिक होता है, भुखमरी की स्थिति उतनी ही गंभीर मानी जाती है।दक्षिण एशिया का क्षेत्रीय स्कोर 23.5 बताए जाने की रिपोर्ट भी सामने आई है, जबकि आधिकारिक ग्लोबल हंगर इंडेक्स की रैंकिंग वेबसाइट पर 2026 के लिए यह स्कोर 24.0 दर्ज है। दोनों आंकड़ों में अंतर को ध्यान में रखते हुए देशों की तुलना के लिए आधिकारिक देशवार स्कोर देखना जरूरी है।

बाढ़ और खराब मौसम से फसलें प्रभावित
रिपोर्ट में खाद्य संकट की एक बड़ी वजह चरम मौसम को बताया गया है। पाकिस्तान और बांग्लादेश के कुछ हिस्सों में भारी बारिश और बाढ़ से फसलों को नुकसान पहुंचा। वहीं, अफगानिस्तान में 2026 के दौरान सामान्य से कम बारिश और ज्यादा तापमान ने अनाज की खेती को प्रभावित किया। ऐसे हालात में फसल उत्पादन घटने और खाद्य पदार्थों की कीमतें बढ़ने का खतरा रहता है, जिससे पहले से आर्थिक दबाव झेल रहे परिवारों की मुश्किलें और बढ़ सकती हैं।रिपोर्ट के मुताबिक, पाकिस्तान और अफगानिस्तान दोनों में 2018 के बाद खाद्य सुरक्षा की स्थिति बिगड़ने के संकेत मिले हैं। हालांकि, पिछले दो दशकों में दोनों देशों ने भुखमरी के स्तर में कुछ सुधार दर्ज किया है। पाकिस्तान में बच्चों की लंबाई के मुकाबले कम बढ़ने यानी स्टंटिंग की दर में गिरावट जारी है। अफगानिस्तान में इसके उलट 2018 के बाद इसमें मामूली बढ़ोतरी हुई है। दोनों देशों में पांच साल से कम उम्र के बच्चों की मृत्यु दर भी 2000 के मुकाबले घटी है।
दक्षिण एशिया में 21.8 करोड़ लोग कुपोषण से प्रभावित
खाद्य एवं कृषि संगठन (FAO) के अनुमानों के मुताबिक, 2023 से 2025 के बीच दक्षिण एशिया में, ईरान समेत, करीब 21.8 करोड़ लोग कुपोषण से प्रभावित थे। यह संख्या दुनिया भर में कुपोषित लोगों के लगभग एक-तिहाई के बराबर बताई गई है। रिपोर्ट के अनुसार, इस क्षेत्र में भुखमरी कम करने की दिशा में हुई प्रगति का बड़ा हिस्सा 2018 से पहले दर्ज किया गया था।वैश्विक स्तर पर भी हालात चिंताजनक हैं। 2026 में ग्लोबल हंगर इंडेक्स का विश्व स्कोर 18.1 रहा, जबकि 2018 में तुलनीय स्कोर 17.6 था। रिपोर्ट के मुताबिक, 32 देशों में 2018 के बाद भुखमरी बढ़ी है और 57 देश 2030 तक भुखमरी को निचले स्तर पर लाने का लक्ष्य हासिल करने की राह पर नहीं हैं। युद्धों से ईंधन, परिवहन और खाद की लागत बढ़ने तथा अनाज की आपूर्ति प्रभावित होने से कमजोर अर्थव्यवस्थाओं में भोजन महंगा होने का खतरा भी बढ़ता है।

भारत में बच्चों के पोषण में लंबे समय में सुधार
ग्लोबल हंगर इंडेक्स 2026 की रिपोर्ट के मुताबिक, भारत में पांच साल से कम उम्र के बच्चों में स्टंटिंग की दर वर्ष 2000 के 50% से घटकर 29.3% रह गई है। यानी इस अवधि में इसमें 20.7 प्रतिशत अंक की कमी आई है। यह बच्चों के पोषण में लंबे समय के दौरान हुए सुधार का संकेत है। हालांकि, भारत का कुल GHI स्कोर 24.1 होने के कारण देश अब भी गंभीर भुखमरी की श्रेणी में है और बच्चों में कुपोषण की चुनौती बनी हुई है।


ग्लोबल हंगर इंडेक्स में किन बातों को देखा जाता है?
ग्लोबल हंगर इंडेक्स किसी देश में भुखमरी की स्थिति का आकलन चार प्रमुख संकेतकों से करता है। इनमें आबादी में अपर्याप्त कैलोरी मिलने की दर, पांच साल से कम उम्र के बच्चों में स्टंटिंग, वेस्टिंग और पांच साल की उम्र से पहले बच्चों की मृत्यु दर शामिल हैं। ये संकेतक भोजन की उपलब्धता के साथ-साथ पोषण और स्वास्थ्य से जुड़ी समस्याओं की तस्वीर भी दिखाते हैं।रिपोर्ट के निष्कर्ष बताते हैं कि खाद्य संकट का समाधान केवल अनाज की उपलब्धता बढ़ाने तक सीमित नहीं है। परिवारों की आय, भोजन की कीमतें, कृषि उत्पादन, आपदा से बचाव और पौष्टिक भोजन तक पहुंच भी उतने ही महत्वपूर्ण हैं। पाकिस्तान के लिए बढ़ती महंगाई और मौसम से होने वाला नुकसान बड़ी चुनौतियां बने हुए हैं, जबकि पूरे दक्षिण एशिया में खाद्य सुरक्षा की प्रगति को फिर तेज करने की जरूरत है।
FAQ (Frequently Asked Questions):
Global Hunger Index 2026 में Pakistan की Rank क्या है?
आधिकारिक ग्लोबल हंगर इंडेक्स के अनुसार, पाकिस्तान 25.5 स्कोर के साथ 106वें स्थान पर है। उसका भुखमरी स्तर गंभीर श्रेणी में आता है।
South Asia में Pakistan की Hunger Ranking सबसे खराब क्यों बताई जा रही है?
कुछ मीडिया रिपोर्टों में पाकिस्तान को दक्षिण एशिया में सबसे ज्यादा प्रभावित बताया गया है। हालांकि, आधिकारिक आंकड़ों में अफगानिस्तान का स्कोर 28.6 है, जो पाकिस्तान के 25.5 से अधिक है। इसलिए आधिकारिक देशवार आंकड़ों के अनुसार अफगानिस्तान की स्थिति ज्यादा खराब है।
Pakistan में Food Insecurity बढ़ने के प्रमुख कारण क्या हैं?
पाकिस्तान में आर्थिक अस्थिरता, खाद्य महंगाई, परिवारों की घटती खरीदने की क्षमता, भारी बारिश और बाढ़ से फसलों को नुकसान खाद्य असुरक्षा बढ़ने के प्रमुख कारण हैं।
Pakistan में Rising Food Prices का Hunger Crisis पर क्या असर पड़ रहा है?
खाने-पीने की चीजें महंगी होने से कम आय वाले परिवारों के लिए पर्याप्त और पौष्टिक भोजन खरीदना मुश्किल हो जाता है। इससे कुपोषण का खतरा बढ़ सकता है।
Global Hunger Index में किसी देश की स्थिति किन Indicators के आधार पर तय होती है?
इसमें आबादी में कम कैलोरी मिलने की दर, पांच साल से कम उम्र के बच्चों में स्टंटिंग, वेस्टिंग और पांच साल की उम्र से पहले बच्चों की मृत्यु दर को देखा जाता है।
2026 Global Hunger Index में India और Pakistan की स्थिति में क्या अंतर है?
आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार, भारत का स्कोर 24.1 और रैंक 100 है, जबकि पाकिस्तान का स्कोर 25.5 और रैंक 106 है। दोनों देश गंभीर श्रेणी में हैं, लेकिन पाकिस्तान का स्कोर भारत से अधिक है।