Home / International / Pakistan Iran Border Trade Suspension: पाकिस्तान ने ईरान बॉर्डर पर दो बड़े ट्रेड रूट बंद, क्या बॉर्डर विवाद से खड़ा होगा नया आर्थिक संकट?
International

Pakistan Iran Border Trade Suspension: पाकिस्तान ने ईरान बॉर्डर पर दो बड़े ट्रेड रूट बंद, क्या बॉर्डर विवाद से खड़ा होगा नया आर्थिक संकट?

पाकिस्तान ने सुरक्षा और तस्करी रोकने के लिए ईरान के साथ तफ्तान और गब्ड-रिमदान बॉर्डर पर व्यापार अस्थायी रूप से रोक दिया है। इससे LPG, चावल और फलों की सप्लाई प्रभावित हुई है। लंबे व्यवधान से गैस की कमी और कीमतें बढ़ने की आशंका है।

Pakistan Iran Border Trade Suspension: पाकिस्तान ने ईरान बॉर्डर पर दो बड़े ट्रेड रूट बंद,  क्या बॉर्डर विवाद से खड़ा होगा नया आर्थिक संकट?

Pakistan Iran Border Trade Suspension : पाकिस्तान ने सुरक्षा चिंताओं और तस्करी रोकने के लिए ईरान के साथ व्यापार करने वाले दो प्रमुख बॉर्डर क्रॉसिंग पर अस्थायी रोक लगा दी है। इससे दोनों देशों की सीमा पर LPG, चावल, ताजे फल और अन्य जरूरी सामान ले जा रहे सैकड़ों मालवाहक वाहन फंस गए हैं। इस फैसले से पाकिस्तान में रसोई गैस की सप्लाई प्रभावित होने और खुले बाजार में कीमतें बढ़ने की आशंका जताई जा रही है। पाकिस्तान ने इस कदम के पीछे सुरक्षा और सीमा प्रबंधन से जुड़ी समस्याएं बताई हैं, जबकि ईरान ने तकनीकी दिक्कतों को इसकी वजह बताया है। दोनों देशों के अधिकारी व्यापार फिर शुरू करने के लिए बातचीत कर रहे हैं।

पाकिस्तान ने तफ्तान और गब्ड-रिमदान बॉर्डर पर रोका व्यापार

पाकिस्तान के बलूचिस्तान प्रांत में स्थित गब्ड-रिमदान और तफ्तान बॉर्डर क्रॉसिंग पर व्यापारिक गतिविधियां 17 अक्टूबर 2026 से प्रभावित हुई हैं। पाकिस्तान के वाणिज्य मंत्रालय ने 16 अक्टूबर को एक मेमोरेंडम जारी किया था, जिसके बाद दोनों रास्तों से व्यापार रोकने की जानकारी सामने आई।बलूचिस्तान के मुख्यमंत्री के मीडिया मामलों के सलाहकार शाहिद रिंद ने कहा कि यह कदम सुरक्षा व्यवस्था सुधारने, तस्करी रोकने और सीमा पर प्रशासनिक कामकाज को बेहतर बनाने के लिए उठाया गया है। उनके मुताबिक, पाकिस्तान और ईरान के अधिकारी समस्याओं को सुलझाने के लिए संपर्क में हैं और व्यापार जल्द शुरू होने की उम्मीद है। हालांकि, फिलहाल व्यापार दोबारा शुरू करने की कोई निश्चित तारीख सामने नहीं आई है।

प्रतीकात्मक छवि (credit - Firstpost)
प्रतीकात्मक छवि (credit - Firstpost)

पाकिस्तान और ईरान ने बताई अलग-अलग वजह

सीमा पर व्यापार रुकने को लेकर दोनों देशों के बयानों में अंतर है। पाकिस्तान ने सुरक्षा चिंताओं और तस्करी रोकने को फैसले की प्रमुख वजह बताया है। वहीं, ईरान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता इस्माइल बघाई ने सरकारी समाचार एजेंसी IRNA के मुताबिक, इसे तकनीकी समस्याओं से जुड़ा अस्थायी व्यवधान बताया।बघाई ने कहा कि दोनों देश समस्या दूर करने और सामान्य गतिविधियां बहाल करने के लिए बातचीत कर रहे हैं।
इधर, क्वेटा चैंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री ने ईरान के साथ व्यापार करने वाले कारोबारियों को अगले आदेश तक नए आयात और निर्यात ऑर्डर नहीं देने की सलाह दी है। चैंबर के मुताबिक, व्यापारिक गतिविधियां सभी प्रमुख सीमा क्रॉसिंग पर प्रभावित हुई हैं।

LPG की सप्लाई पर सबसे ज्यादा असर पड़ने की आशंका

पाकिस्तान के लिए गब्ड-रिमदान क्रॉसिंग ऊर्जा आपूर्ति का अहम रास्ता बन गया है। डॉन की रिपोर्ट के मुताबिक, इस मार्ग से रोजाना 4,000 टन से ज्यादा लिक्विफाइड पेट्रोलियम गैस (LPG) आयात की जाती है। ऐसे में यहां व्यापार लंबे समय तक बंद रहने से पाकिस्तान के घरेलू बाजार में गैस की उपलब्धता प्रभावित हो सकती है।तफ्तान मार्ग पर बलूचिस्तान में अशांति के कारण पहले से ही व्यवधान की खबरें आती रही हैं। अब गब्ड-रिमदान से व्यावसायिक सप्लाई रुकने पर कराची और दूसरे इलाकों में LPG की कमी बढ़ने तथा खुले बाजार में कीमतें चढ़ने की आशंका जताई गई है। हालांकि, यह संभावित असर है; कीमतों में वास्तविक बढ़ोतरी कितनी होगी, इसकी अभी पुष्टि नहीं हुई है।

चावल, फल और जरूरी सामान से भरे वाहन फंसे

सीमा पर व्यापार रुकने से दोनों तरफ मालवाहक वाहन अटके हुए हैं। इनमें LPG के अलावा चावल, ताजे फल और अन्य जरूरी सामान शामिल हैं। रिपोर्टों में फंसे वाहनों की संख्या अलग-अलग बताई गई है। कुछ रिपोर्टों में सैकड़ों वाहन फंसने की बात है, जबकि व्यापार से जुड़े एक अन्य सूत्र ने करीब 2,000 कंटेनरों के अटकने का दावा किया है। इसलिए कुल संख्या की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है।वाहनों के लंबे समय तक फंसे रहने से कारोबारियों को आर्थिक नुकसान हो सकता है। ताजे फल जैसे जल्दी खराब होने वाले सामान के मामले में देरी से माल खराब होने का खतरा भी रहता है। व्यापारियों को नए ऑर्डर रोकने की सलाह मिलने से दोनों देशों के बीच सीमा पार कारोबार पर अतिरिक्त दबाव पड़ सकता है।
हालांकि, ईरान की समाचार एजेंसी WANA के मुताबिक, गब्ड-रिमदान क्रॉसिंग से यात्रियों की आवाजाही जारी है, जबकि व्यावसायिक गतिविधियां रोक दी गई हैं। इसका मतलब है कि उपलब्ध रिपोर्टों के अनुसार व्यापार पर रोक और यात्रियों की आवाजाही पर रोक एक ही बात नहीं है।

पाकिस्तान-ईरान सीमा पर हैं चार आधिकारिक क्रॉसिंग

पाकिस्तान के बलूचिस्तान प्रांत और ईरान के सिस्तान-बलूचिस्तान प्रांत के बीच करीब 909 किलोमीटर लंबी सीमा है। यहां चार आधिकारिक बॉर्डर क्रॉसिंग हैं - तफ्तान-मिरजावेह, गब्ड-रिमदान, मंड और चागई।इनमें तफ्तान और गब्ड-रिमदान पर व्यापारिक गतिविधियां रोकने से दोनों देशों के बीच माल की आवाजाही प्रभावित हुई है। गब्ड-रिमदान से पाकिस्तान में LPG की सप्लाई के साथ चावल समेत पाकिस्तानी उत्पादों का निर्यात भी होता रहा है। ऐसे में सीमा पर लंबे समय तक रुकावट रहने से आयातकों, निर्यातकों, ट्रांसपोर्टरों और सीमा के आसपास व्यापार पर निर्भर लोगों को नुकसान हो सकता है।
फिलहाल पाकिस्तान और ईरान के अधिकारी सुरक्षा, तकनीकी और प्रशासनिक समस्याओं को दूर करने के लिए बातचीत कर रहे हैं। व्यापार दोबारा कब शुरू होगा, यह स्पष्ट नहीं है। तब तक LPG की उपलब्धता, माल की आवाजाही और कारोबारियों के नुकसान पर स्थिति बनी रहेगी।

FAQ (Frequently Asked Questions):

पाकिस्तान ने ईरान के साथ Border Trade क्यों निलंबित किया है?

पाकिस्तान के मुताबिक, गब्ड-रिमदान और तफ्तान क्रॉसिंग पर व्यापार अस्थायी रूप से रोकने का उद्देश्य सुरक्षा व्यवस्था सुधारना, तस्करी रोकना और सीमा प्रबंधन को बेहतर बनाना है। वहीं, ईरान ने तकनीकी समस्याओं को इसकी वजह बताया है।

पाकिस्तान-ईरान सीमा पर कितने Freight Vehicles फंसे हुए हैं?

रिपोर्टों के मुताबिक, दोनों तरफ सैकड़ों मालवाहक वाहन फंसे हुए हैं। कुछ व्यापारिक सूत्रों ने करीब 2,000 कंटेनरों के अटकने की बात भी कही है। हालांकि, वाहनों की कुल संख्या की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है।

Pakistan Iran Border Trade Suspension का व्यापार पर क्या असर पड़ेगा?

व्यापार रुकने से LPG, चावल, ताजे फल और अन्य जरूरी सामान की आवाजाही प्रभावित हुई है। इससे कारोबारियों को नुकसान हो सकता है और देरी के कारण जल्दी खराब होने वाले सामान के खराब होने का खतरा है। लंबे समय तक रोक रहने पर पाकिस्तान में LPG की सप्लाई और कीमतों पर भी असर पड़ सकता है।

पाकिस्तान और ईरान के बीच किन वस्तुओं का व्यापार होता है?

सीमा के रास्ते LPG, चावल, ताजे फल और अन्य जरूरी वस्तुओं का व्यापार होता है। गब्ड-रिमदान पाकिस्तान के लिए LPG आयात का महत्वपूर्ण मार्ग है, जबकि चावल समेत पाकिस्तानी उत्पादों का निर्यात भी इस रास्ते से किया जाता है।

क्या पाकिस्तान-ईरान सीमा पूरी तरह बंद कर दी गई है?

उपलब्ध रिपोर्टों के मुताबिक, गब्ड-रिमदान और तफ्तान क्रॉसिंग पर व्यापारिक गतिविधियां रोकी गई हैं। हालांकि, ईरानी समाचार एजेंसी WANA ने गब्ड-रिमदान पर यात्रियों की आवाजाही जारी रहने की जानकारी दी है। इसलिए व्यापार पर रोक को पूरी सीमा और हर तरह की आवाजाही बंद होने के बराबर नहीं माना जाना चाहिए।

Border Trade Suspension से व्यापारियों को कितना नुकसान हो सकता है?

व्यापारियों के कुल नुकसान का आधिकारिक आंकड़ा सामने नहीं आया है। हालांकि, मालवाहक वाहनों के फंसने, सामान की डिलीवरी में देरी, परिवहन खर्च बढ़ने और ताजे फल जैसे सामान खराब होने से नुकसान हो सकता है। रोक लंबी खिंचने पर असर और बढ़ सकता है।

Was this article useful?
Full page popup ad